राजकीय इंटर कॉलेज,सीतापुर / दयालबाग़ एजुकेशनल इंस्टीट्यूट आगरा कासंस्थापक दिवस समारोह मनाया बड़े धूमधाम से

नैनीताल। राजकीय इंटर कॉलेज, सीतापुर में 31 जनवरी 2026 को दयालबाग़ एजुकेशनल इंस्टीट्यूट (डीईआई) के संस्थापक निदेशक तथा लखनऊ विश्वविद्यालय के पूर्व कुलपति श्रद्धेय डॉ. मकुंद बिहारी लाल साहब की जयंती श्रद्धा, गरिमा और सम्मान के साथ मनाई गई। यह अवसर इसलिए भी विशेष रहा क्योंकि इसी प्रतिष्ठित संस्थान से डॉ लाल साहब वर्ष 1922 में हाईस्कूल की शिक्षा प्राप्त की थी।
कार्यक्रम के दौरान राजकीय इण्टर कॉलेज सीतापुर परिसर में नन्हे बच्चों द्वारा सांस्कृतिक प्रस्तुतियाँ की , जिससे उपस्थित जनसमूह भावविभोर हो गया ।
इस आयोजन को सफल बनाने में राजकीय इंटर कॉलेज, सीतापुर के प्राचार्य श्री अशोक कुमार जी का विशेष योगदान रहा। इस अवसर पर लखनऊ ब्रांच सेक्रेटरी वर्तमान राकेश सिंह व निवर्तमान ब्रांच सेक्रेटरी तथा मेम्बर यू पी आर एस ए राजीव सरन के साथ गुरुदत्त सत्संगी मेम्बर यू पी आर एस ए ,(भूतपूर्व डिस्ट्रिक्ट सेक्रेटरी व मेम्बर यू पी आर एस ए ) एच एन सिंह , डिस्ट्रिक्ट सेक्रेटरी अशोक कुमार , शिक्षकों और विद्यार्थियों की सहभागिता ने इस आयोजन को स्मरणीय बना दिया तथा श्रद्धेय डॉ. मकुंद बिहारी लाल साहब के जीवन, मूल्यों और शिक्षा-दृष्टि के प्रति कृतज्ञता व्यक्त की गई।
इसी क्रम में दयालबाग़ आगरा के शांत एवं प्रेरणादायी वातावरण में स्थित दयालबाग़ एजुकेशनल इंस्टीट्यूट (डीम्ड टू बी यूनिवर्सिटी) ने भी 31 जनवरी 2026 को अपना संस्थापक दिवस अत्यंत श्रद्धा और गरिमा के साथ मनाया। यह दिवस DEI ( डीम्ड टू बी यूनिवर्सिटी )के संस्थापक निदेशक डॉ मकुंद बिहारी लाल साहब के जन्म दिवस के सम्मान पर आयोजित किया जाता है तथा उस मूल्य-आधारित, मानव-केंद्रित और समग्र शिक्षा प्रणाली का उत्सव है, जिसकी नींव वर्ष 1975 में रखी गई थी। डीईआई की शिक्षा नीति के कई सिद्धांत आज राष्ट्रीय शिक्षा नीति 2020 में परिलक्षित होते हैं। इसी दिशा में संस्थान ने एनईपी 2020 के अनुरूप अंडरग्रेजुएट कार्यक्रमों के चौथे वर्ष की शुरुआत कर शैक्षिक सुधारों में अपनी अग्रणी भूमिका को और सुदृढ़ किया है।
संस्थापक दिवस के अवसर पर छात्र सहभागिता अत्यंत उल्लेखनीय रही। प्रोजेक्ट प्रस्तुतियाँ, सांस्कृतिक कार्यक्रम, भक्ति संगीत, उद्यमिता शोकेस और नवाचार आधारित गतिविधियों ने रचनात्मकता, एकता और प्रगति की भावना को सशक्त रूप में प्रस्तुत किया। युवाओं के स्वास्थ्य को प्राथमिकता देते हुए आयुष फैकल्टी द्वारा संचालित एक विशेष ओपीडी का उद्घाटन किया गया, जिसका उद्देश्य छात्रों और समुदाय को समग्र मानसिक एवं शारीरिक स्वास्थ्य सहायता प्रदान करना है। साथ ही, बीएचएमएस का नया बैच भी प्रारंभ किया गया।
शिक्षक शिक्षा के क्षेत्र में, डीईआई ने जुलाई 2026 से बीएससी-बीएड (सेकेंडरी लेवल) और बीए-बीएड (मिडिल लेवल) के लिए इंटीग्रेटेड टीचर एजुकेशन प्रोग्राम शुरू करने की घोषणा की है। यह कार्यक्रम विषय ज्ञान, प्रोफेशनल ट्रेनिंग, आर्ट इंटीग्रेटेड लर्निंग और एआई आधारित शिक्षण को जोड़ते हुए भविष्य के शिक्षकों को तैयार करेगा।
संस्थान में सशक्त शोध संस्कृति विकसित हो चुकी है, जिसे विभिन्न राष्ट्रीय संस्थाओं के सहयोग से संचालित परियोजनाओं का समर्थन प्राप्त है। अत्याधुनिक वर्चुअल लैब, स्किलिंग लैब, सेंटर फॉर एप्लाइड रिसर्च एंड ट्रेनिंग, तथा छात्र उपलब्धियों राष्ट्रीय और अंतरराष्ट्रीय स्तर की प्रतियोगिताओं में पुरस्कार ने डीईआई की अकादमिक उत्कृष्टता को रेखांकित किया।
समग्र रूप से, संस्थापक दिवस 2026 ने डीईआई के नवाचार, अनुसंधान, सस्टेनेबिलिटी और सामाजिक उत्तरदायित्व के विज़न को प्रभावी ढंग से प्रस्तुत किया, जो भावी पीढ़ियों को सक्षम और जिम्मेदार नागरिक बनाने की दिशा में संस्थान की प्रतिबद्धता को सुदृढ़ करता है।








